CRPF के 87वें स्थापना दिवस पर 18वीं बटालियन को मिला ‘सर्वश्रेष्ठ बटालियन’ सम्मान
कमांडेंट जितेंद्र मोहन शिलस्वाल को लगातार दूसरे वर्ष मिला प्रतिष्ठित अवॉर्ड
गुवाहाटी। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के 87वें स्थापना दिवस के गौरवशाली अवसर पर, कमांडेंट जितेंद्र मोहन शिलस्वाल और उनकी 18वीं बटालियन को एक बार फिर जम्मू-कश्मीर सेक्टर की ‘सर्वश्रेष्ठ बटालियन ट्रॉफी’ से नवाजा गया है। उत्तराखंड की माटी के लाल, कमांडेंट शिलस्वाल द्वारा लगातार दूसरे वर्ष यह प्रतिष्ठित सम्मान प्राप्त करना उनके उत्कृष्ट रणनीतिक नेतृत्व का प्रमाण है। गुवाहाटी के सरुसजाई स्टेडियम में आयोजित भव्य परेड के दौरान मुख्य अतिथि, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्वयं यह ट्रॉफी प्रदान की।
सीआरपीएफ की विविध शक्तियों का भव्य प्रदर्शन
स्थापना दिवस परेड के दौरान सीआरपीएफ की अदम्य शक्ति और तकनीकी कौशल का शानदार प्रदर्शन किया गया।कोबरा कमांडो का हैरतअंगेज प्रदर्शन: कोबरा (CoBRA) यूनिट के कमांडो ने हेलीकॉप्टर से उतरने (स्लिदरिंग) और दुश्मन के ठिकानों को नष्ट करने का जीवंत प्रदर्शन किया।
नारी शक्ति का परचम: महिला बाइकर्स दस्ते के साहसी करतबों और महिला मार्चिंग टुकड़ी ने स्टेडियम में मौजूद दर्शकों का दिल जीत लिया।
आधुनिक हथियारों का प्रदर्शन: परेड में ड्रोन तकनीक, माइन-प्रोटेक्टेड वाहन और बल द्वारा उपयोग किए जाने वाले आधुनिक हथियारों की प्रदर्शनी भी लगाई गई।
कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं:
• नक्सलवाद का अंत: अपने संबोधन में गृह मंत्री अमित शाह ने 31 मार्च, 2026 तक देश को नक्सलवाद से पूरी तरह मुक्त करने का संकल्प दोहराया और इसमें 18वीं बटालियन जैसी इकाइयों के योगदान को सराहा।
जम्मू-कश्मीर में शांति: गृह मंत्री ने कहा कि 18वीं बटालियन जैसे वीर दस्तों की मुस्तैदी के कारण ही कश्मीर में अब पत्थरबाजी बीते दौर की बात हो गई है और विकास का नया अध्याय शुरू हुआ है।
• उत्तराखंड का गौरव: कमांडेंट शिलस्वाल की इस ऐतिहासिक जीत ने देवभूमि की सैन्य परंपरा को एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है।

