डीएम की सड़क सुरक्षा समिति, सामान्तर है जीवन रक्षा समिति के
देहरादून, । जिलाधिकारी सविन बंसल की अध्यक्षता एसएसपी की उपस्थिति में आज ऋषिपर्णा सभागार कलेक्टेªट में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जहां सड़क सुरक्षा हेतु रखे गए प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान करते हुए मौके पर फंड स्वीकृत किए गए वहीं सख्त निर्देश दिए गए कि सड़क सुरक्षा समिति लाए गए प्रस्तावों पर त्वरित कार्यवाही की जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि सड़क सुरक्षा समिति, जीवन रक्षा के सामान्तर है, जो निर्णय इस घड़ी में हो गया, वह अन्तिम हैं जो लागू माना जाए। उन्होंने अधिकारियों को कड़े शब्दों में कहा कि दिखाते हैं, कराएंगे, की प्रवृत्ति से बाज आए, सुरक्षा समिति इतिश्री नही है। उन्होंने कहा कि जीवन रक्षा समिति के निर्णय, अपने-आप में परिपूर्ण, किसी भी अन्य एजेंसी या प्राधिकारी की सभी अगर-मगर अमान्य हैं। सड़क सुरक्षा समिति ने स्पीड ब्रेकर, डिवाइडर, टेªफिक लाईट, लगाने तथा समिति द्वारा यातायात को बाधित करने तथा दुर्घटना संभावित वाले स्थानों पर चिन्हित खम्बे, ट्रांस्फारमर्स व 4 वाईन शॉप अनिवार्यतः हटाये जाएगें। खराब कैमरों पर एचपी को पेनल्टी लगाई तथा पीआईयू को टाइम अल्टीमेटम दिया गया। खराब कैमरों पर एचपी को पेनल्टी लगाई तथा पीआईयू को टाइम अल्टीमेटम दिया गया। सड़क सुरक्षा समिति के आदेशों की अवेलना पर सम्बन्धित एचओडी सुप्रीम कोर्ट प्रर्वतन समिति के गुनेहगार होंगे, यह बात जहन में रखे अधिकारी। एनएच को आशारोड़ी पर 25 अपै्रल तक हाईमास्क लाईट, लगाने के कड़े निर्देश भी दिए। बैठक में एसपी यातायात ने पुलिस के सभी कैमरे स्मार्ट कन्ट्रोलरूम से लिंक होने पर डीएम का आभार व्यक्त किया।
जिलाधिकारी ने 22 स्थानों पर दुर्घटना के कारक बनते विद्युत पोल शिफ्ट करने के निर्देश यूपीसीएल के अधिकारियों को देते हुए कहा कि अगली बैठक से पूर्व सुधार दिखना चाहिए। डीएम ने पुलिस एवं परिहवन विभाग के अधिकारियों को ओवर स्पीड पर निंरतर कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने किमाड़ी मोटर मार्ग के सुधारीकरण तथा यातायात व्यवस्था में सुधार हेतु प्रस्ताव आते ही फंड की स्वीकृति प्रदान की गई। जहां किमाड़ी मोटर मार्ग सुधार को 40 लाख तथा पुलिस को यातायात सुधार के विद्युत पोल शिफ्ट, लेफ्टटर्न फ्री, पुलिस बूथ शिफ्ट, सर्विस लेन, स्लीप वे निर्माण, डिवाईडर रि- डिजाईन आदि कार्यों को मौके पर स्वीकृति 10 लाख फंड की स्वीकृति प्रदान की गई। डीएम ने जिलाधिकारी शहर की राजपुर रोड, चकराता रोड, हरिद्वार रोड सहरनुपर सहित समुचित मार्गाे पर दुर्घटना संभावित स्थलों को चिन्हिकरण करते हुए त्वरित सुधार के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत सीसीटीवी कैमरा, डिवाईडर, यलो पट्टी, स्पीड डिस्प्ले बोर्ड, टोल बेरियर से पहले स्पीडब्रेकर, आदि समुचित कार्य मानक के अनुरूप किये जाएं। डीएम ने कहा कि यहीं नही अन्य संवेदनशील स्थानों पर चकराता रोड, राजपुर रोड, एफआरआई के समीप, प्रेमनगर, पंडिवाड़ी आदि स्थलों पर भी सुरक्षित यातायात हेतु समिति के द्वारा लिए गए तत्कालिक निर्णय के अनुरूप युद्धस्तर पर कार्य करना सुनिश्चित करेंगे। कहा कि सड़क सुरक्षा के कार्य हेतु बजट की कमी नही, हीला हवाली बर्दाश्त नही की जाएगी। कार्य की महत्ता को दृष्टिगत रखते हुए खनन न्यास से धनराशि दी जाएगी। बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के मिश्रा, एसपी यातायात लोकजीत सिहं, उप जिलाधिकारी कुमकुम जोशी, अधि.अभि लोनिवि जितेन्द्र कुमार त्रिपाठी, संभागीय परिवहन अधिकारी शैलेष तिवारी, सहित सम्बन्धित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे